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Spoken word poetry in Hindi by Lokesh Gulyani
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15 DIC 2025 · दब कर जीने में फ़ायदा है, ऐसा मुझे सिखाया गया। मेरी सीखने की क्षमता अच्छी थी, मैं अच्छे से सीख गया। मैने औरों को सिखाया वे भी सीख गए। हम सब सीखे-सिखाए लोग हैं।
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4 DIC 2025 · कभी-कभी लगता है कि मेरे साथ ज़िंदगी ने ठीक ही बर्ताव किया। अगर मुझे इससे कुछ भी ज़्यादा हासिल हो गया होता तो शायद मैं इस मुगालते में रह जाता कि मैं भी एक काबिल इंसान हूं।
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4 DIC 2025 · एक समय के बाद आदमी का मन शराब की कड़वाहट को ही झेल सकता है, प्रेम के प्रेत को नहीं।
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19 NOV 2025 · चमत्कार की उम्मीद करना उसके घटने की संभावना को क्षीण ही करता है। So, let the universe do the talking while you gaze at the stars.
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2 NOV 2025 · पता नहीं कब और कैसे मैं कालपुरुष के सामने आत्मसमर्पण करता चला गया। मुझे याद नहीं पड़ता कि कभी कालपुरुष ने मुझे डराया हो पर किसी पुरुष ने तो डराया ही होगा। बेड़ा गर्क हो इन यूट्यूब चैनल वालों का।
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22 OTT 2025 · पीने के बाद भी मैं सही सलामत घर लौट आता हूं। इसी से पता चल जाता है कि मैं सही हूं, और डिमेंशिया अभी बहुत दूर की कौड़ी है। और फिर मैने इतनी हॉलीवुड फिल्म्स भी नहीं देखी कि सीधे कैरेक्टर में उतर जाऊं।
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14 OTT 2025 · कई बार बहुत छोटा लगता है, जब मैं अपना सिर उठा कर आकाश की ओर ताकता हूं। लगता है इतनी बड़ी कायनात में मैं कहां खड़ा हूं? इस बात की कोई महत्ता भी है?
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25 SET 2025 · तुम इठला कर मेरी ओर बढ़ती हो। तुम अपनी तारीफ़ सुनना चाहती हो। मैं मुंह फेर लेना चाहता हूं। तुम संगीत धीमा करके मेरे क़रीब आती जा रही हो। मैं पशोपेश में हूं कि क्या करूं कि तुम मेरे क़रीब न आओ। मैं तुम्हारे साथ, अकेला रहना चाहता हूं।
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5 SET 2025 · हिम्मत करके मैं एस्केलेटर पर चढ़ कर मेट्रो स्टेशन के बाहर आता हूं, फिर एक ऑटोरिक्शा को हाथ दिखाता हूं और बहुत धीमी आवाज़ में बोलता हूं CP, वो मुझे बिठाता है, मुंह टेढ़ा करके थूकता है। मुझे बुरा लगता है, लगा जैसे ये मेरे हताश व्यक्तित्व पर गिरी थूक थी।
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15 AGO 2025 · कैसे जान लिया जाता है कि किन्हीं दो लोगों के विचार मिलते हैं। वो exact point कौन सा होता है जब हम convince हो जाते हैं की फ़ला व्यक्ति हमारे जैसा सोचता है। और अगर सोचता है तो उस गर्व किया जाना चाहिए या लज्जित होना चाहिए?
Spoken word poetry in Hindi by Lokesh Gulyani
Informazioni
| Autore | Lokesh Gulyani |
| Organizzazione | Lokesh Gulyani |
| Categorie | Filosofia |
| Sito | - |
| lokesh.gulyani@yahoo.in |
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